
स्वास्थ्य और उपचार
भारत की टेलीमेडिसिन सेवा ने 50 करोड़ परामर्श का आंकड़ा पार किया
स्वास्थ्य मंत्रालय ने 6 अक्टूबर को घोषणा की कि भारत की सार्वजनिक टेलीमेडिसिन सेवा eSanjeevani ने 50 करोड़ से अधिक दूरस्थ चिकित्सा परामर्श उपलब्ध कराए हैं। अब इसकी पहुंच देश के सभी 36 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों तक है।
COVID-19 के दौरान यात्रा पर पाबंदियां लगने से इस मंच का महत्व बढ़ा था। यह मरीजों को दूर से स्वास्थ्य पेशेवरों से जोड़कर प्रत्यक्ष स्वास्थ्य सेवाओं का पूरक बना हुआ है। इनमें ग्रामीण और पर्याप्त सेवाओं से वंचित समुदाय भी शामिल हैं, जहां दूरी के कारण चिकित्सा सलाह पाना कठिन हो सकता है।
सरकारी आंकड़ों के अनुसार, 15 भाषाओं में उपलब्ध यह सेवा फिलहाल रोज लगभग 2,50,000 से 3,00,000 परामर्श प्रदान करती है। इसके इस्तेमाल में महिलाओं की हिस्सेदारी करीब 57% है, जबकि 60 वर्ष और उससे अधिक उम्र के लोगों की हिस्सेदारी कुल परामर्शों में लगभग 16% है। ये आंकड़े उन समूहों में इसके इस्तेमाल को रेखांकित करते हैं जिनके लिए यात्रा, समय और अन्य व्यावहारिक चुनौतियां इलाज तक पहुंच को मुश्किल बना सकती हैं।
अब यह सेवा विशेषज्ञ चिकित्सा तक अपना दायरा बढ़ा रही है। मरीज जोधपुर, जम्मू और पटना के सरकारी चिकित्सा संस्थानों AIIMS के जरिए चुनिंदा विशेषज्ञ चिकित्सा क्षेत्रों में घर से परामर्श प्राप्त कर सकते हैं। मंत्रालय का कहना है कि इससे लंबी दूरी की यात्रा की जरूरत और अस्पताल में परामर्श के लिए इंतजार कम हो सकता है। मंच के मौजूदा प्राथमिक स्वास्थ्य सेवा नेटवर्क के आधार पर अन्य सरकारी चिकित्सा संस्थानों तक इसके विस्तार की योजना है।