
फलती-फूलती प्रकृति
रिपोर्ट में अमेजन बेसिन की 2,700 से अधिक मछली प्रजातियों का दस्तावेजीकरण
अमेजन के मीठे पानी में जीवन की असाधारण व्यापकता अब और स्पष्ट हुई है। एक नई रिपोर्ट पूरे बेसिन में मछलियों की 2,700 से अधिक प्रजातियों का दस्तावेजीकरण करती है, जो विश्व की सभी ज्ञात मछली प्रजातियों का लगभग 15% है। इनमें करीब दो-तिहाई कहीं और नहीं मिलतीं।
The Nature Conservancy के नेतृत्व में तैयार रिपोर्ट का चौथा संस्करण 30 संगठनों के 50 से अधिक विशेषज्ञों की जानकारी पर आधारित है और वैज्ञानिक साक्ष्यों को पारंपरिक पारिस्थितिक ज्ञान से जोड़ता है। यह मछलियों को व्यापक वन पारिस्थितिकी तंत्र का सक्रिय भागीदार बताता है। तंबाक्वी, पाकू और मात्रिंशा मछलियां बाढ़ में डूबे वनों में फल खाती हैं और बीजों को लंबी दूरी तक पहुंचा सकती हैं, जबकि अन्य प्रजातियां पानी और जमीन के बीच पोषक तत्वों का स्थानांतरण करती हैं।
रिपोर्ट उन संरक्षण प्रयासों की ओर भी ध्यान दिलाती है जिनके उत्साहजनक परिणाम पहले से मिल रहे हैं। इसमें ब्राजील, पेरू, बोलिविया और कोलंबिया में कम से कम 155 सामुदायिक मत्स्य प्रबंधन पहलों की पहचान की गई। ये मिलकर लगभग 1.3 करोड़ हेक्टेयर क्षेत्र में फैली हैं और इनमें 1,200 से अधिक समुदाय तथा 21,000 मछुआरे शामिल हैं। इन प्रयासों के साथ मछलियों की संख्या और प्रजातियों की विविधता में बढ़ोतरी के अलावा आर्थिक और सामाजिक लाभ जुड़े हैं।
बांध, वनों की कटाई, प्रदूषण, अत्यधिक मछली पकड़ने और जलवायु परिवर्तन सहित गंभीर दबाव बने हुए हैं। फिर भी लेखकों का कहना है कि अमेजन अब भी वैश्विक महत्व की मीठे पानी की एक प्रणाली को बचाने का दुर्लभ अवसर देता है, जबकि उसका बड़ा हिस्सा अभी कार्यशील है। विशेष रूप से नदियों का निर्बाध प्रवाह बनाए रखने और आदिवासी तथा स्थानीय नेतृत्व को मजबूत करने से ऐसा किया जा सकता है।